इंदौर के कारोबारी राजा रघुवंशी और उनकी पत्नी सोनम मई के अंत में मेघालय घूमने गए थे, लेकिन यह यात्रा एक दुखद मोड़ ले आई। चेरापूंजी के पास एक घाटी में राजा का शव मिलने के बाद से उनका परिवार सदमे में है और उनकी पत्नी सोनम अब तक लापता है।
राजा के भाई विपिन रघुवंशी ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है और सीबीआई जांच की मांग की है। यह पत्र इंदौर के आयुक्त कार्यालय में सौंपा गया है। परिवार को आशंका है कि स्थानीय पुलिस सही तरीके से जांच नहीं कर रही है।
23 मई से संपर्क टूटा, 2 जून को शव मिला
राजा और सोनम की शादी 11 मई को हुई थी और वे 20 मई को हनीमून के लिए शिलांग रवाना हुए थे। 23 मई को उन्होंने परिवार से आखिरी बार बात की थी, जिसके बाद दोनों के फोन बंद हो गए। काफी तलाश के बाद 2 जून को राजा का शव चेरापूंजी के पास एक गहरी घाटी में मिला। सोनम का अब तक कोई सुराग नहीं है और सर्च ऑपरेशन जारी है।
भाई का आरोप: होटल स्टाफ और गाइड संदिग्ध
विपिन ने बताया कि होटल स्टाफ, पास की चाय दुकान और एक स्थानीय गाइड की भूमिका संदिग्ध है, लेकिन पुलिस ने अभी तक उनसे सही तरीके से पूछताछ नहीं की। उन्होंने कहा कि जब गाइड को पुलिस के सामने लाया गया, तो उसने केवल इतना कहा कि वह कपल को एक रास्ते तक छोड़ आया था।
परिजनों को शक है कि कपल को योजनाबद्ध तरीके से निशाना बनाया गया। इलाके की भौगोलिक स्थिति और बांग्लादेश सीमा से नजदीकी भी चिंता का विषय है।
स्थानीय लोगों ने जताई चिंता
कुछ स्थानीय लोगों ने बताया कि उस इलाके में ऐसे मामलों की आशंका रहती है, जहां नए कपल्स को शिकार बनाया जाता है और महिलाओं को अगवा किया जाता है। इन्हीं बातों को ध्यान में रखते हुए परिवार चाहता है कि मामले की सीबीआई या केंद्रीय एजेंसी से जांच हो।

मेघालय सरकार का जवाब
मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा ने कहा कि यह घटना बेहद दुखद है और राज्य सरकार पीड़ित परिवार के साथ खड़ी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जांच में कोई कमी नहीं रहेगी और सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं।
मां का बयान: “मुझे यकीन है सोनम जिंदा है”
राजा की मां उमा रघुवंशी ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि उन्हें लगता है कि सोनम अभी भी जीवित है। उन्होंने भावुक होकर कहा कि अगर हत्यारे सामने आए तो वह खुद उन्हें सजा देंगी। उनका बस एक ही आग्रह है कि उनकी बहू सुरक्षित मिले और बेटे को न्याय मिले।
घटनाक्रम पर एक नज़र
- 11 मई: राजा और सोनम की शादी
- 20 मई: दोनों शिलांग रवाना
- 23 मई: परिवार से आखिरी संपर्क
- 2 जून: राजा का शव मिला
- अब तक: सोनम की तलाश जारी
राजा रघुवंशी की मौत और सोनम की गुमशुदगी केवल एक पारिवारिक मामला नहीं है, यह सुरक्षा और न्याय व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है। परिवार अब प्रधानमंत्री से उम्मीद लगाए बैठा है कि उन्हें न्याय मिलेगा और सोनम की खोज पूरी होगी।




