इंदौर के अहीर खेड़ी क्षेत्र में रहने वाला 25 वर्षीय मजदूर जितेन्द्र मेघवाल शनिवार रात को अपनी बिल्डिंग की चौथी मंजिल से कूदकर जान गंवा बैठा। प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, जितेन्द्र नशे में धुत्त होकर घर आया था और पत्नी पूजा के साथ किसी बात पर झगड़ा हुआ। गुस्से में आकर उसने बालकनी से छलांग लगा दी। घटना के बाद परिवार और पड़ोसियों में अफरा-तफरी मच गई।

परिवार ने क्या बताया?
परिवार के लोगों के अनुसार जितेन्द्र आए दिन नशे की हालत में पत्नी से विवाद करता था। उसकी तीन साल की बेटी भी है। घटना के वक्त जितेन्द्र ने पत्नी पूजा के साथ पहले बहस की और मारपीट का प्रयास किया। इसके बाद वह अचानक बालकनी की तरफ गया और वहां से कूद गया। परिवार वालों ने कई बार उसे समझाने की कोशिश की थी लेकिन उसकी शराब की लत ने रिश्तों को कमजोर कर दिया।
पड़ोसियों का कहना
घटना के वक्त कई लोग बिल्डिंग के नीचे मौजूद थे। उन्होंने जितेन्द्र को रोकने के लिए आवाज भी लगाई, लेकिन वह किसी की बात नहीं मान रहा था। कुछ ही पलों में उसने चौथी मंजिल से छलांग लगा दी। पड़ोसियों ने बताया कि जितेन्द्र का अपने परिवार के साथ अक्सर विवाद होता रहता था, और उसकी आदतों को लेकर कई लोग परेशान थे।
पुलिस की कार्रवाई
सूचना मिलते ही द्वारकापुरी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में यह साफ हो गया है कि जितेन्द्र शराब के नशे में था और मानसिक रूप से तनाव में भी। फिलहाल पुलिस परिवार के बाकी लोगों के बयान दर्ज कर रही है और सुसाइड नोट की तलाश भी की जा रही है।
सामाजिक संदेश
यह दुखद घटना एक बड़ी सीख देती है कि घरेलू कलह और नशे की आदतें परिवार को तोड़ सकती हैं। जितेन्द्र की तीन साल की बच्ची अब पिता के साये से वंचित हो गई। समाज और प्रशासन को इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए संवेदनशील प्रयास करने की जरूरत है, ताकि समय रहते मदद पहुंचाई जा सके और किसी परिवार को ऐसी पीड़ा ना झेलनी पड़े।
जितेन्द्र मेघवाल की आत्महत्या ने पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ा दी है, वहीं पुलिस मामले की बारीकी से जांच कर रही है।




